सिंगरौली। जिले में आरटीओ विभाग की सक्रियता और जिम्मेदारी का एक सकारात्मक उदाहरण सामने आया है। सघन वाहन जांच अभियान के दौरान विभाग की टीम ने न केवल अपनी ड्यूटी बखूबी निभाई, बल्कि एक संभावित विवाद को भी समय रहते शांत कराकर बड़ी घटना टाल दी।
अक्सर आरटीओ विभाग को सिर्फ जांच और चालानी कार्रवाई के लिए जाना जाता है, लेकिन इस बार विभाग की टीम ने इंसानियत और जिम्मेदारी की ऐसी मिसाल पेश की, जिसकी हर तरफ सराहना हो रही है। बरिगमा के आगे झुरई नाला क्षेत्र में एक मामूली कहासुनी ने अचानक तनाव का रूप ले लिया। एक ट्रक चालक और कुछ लोगों के बीच विवाद बढ़ने लगा, जिससे स्थिति बिगड़ने की आशंका पैदा हो गई। खुद को सुरक्षित रखने के लिए चालक वहां से निकलकर आगे स्थित आरटीओ चेक प्वाइंट पहुंच गया। लेकिन मामला यहीं नहीं थमा—विवाद में शामिल कुछ लोग उसका पीछा करते हुए चेक प्वाइंट तक पहुंच गए। हालात को बिगड़ता देख मौके पर मौजूद आरटीओ टीम ने तुरंत मोर्चा संभाल लिया।
आरटीओ अधिकारियों और कर्मचारियों ने न केवल हालात को नियंत्रित किया, बल्कि बेहद संयम और समझदारी के साथ दोनों पक्षों को समझाकर विवाद को शांत करा दिया। उनकी इस त्वरित कार्रवाई से एक बड़ी घटना टल गई और एक व्यक्ति की सुरक्षा सुनिश्चित हुई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि आरटीओ टीम ने उस दिन सिर्फ अपनी ड्यूटी ही नहीं निभाई, बल्कि एक जिम्मेदार नागरिक होने का भी परिचय दिया। यह घटना साबित करती है कि प्रशासन की सजगता और मानवीय दृष्टिकोण से बड़ी से बड़ी समस्या भी बिना टकराव के सुलझाई जा सकती है।






