नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के कारण वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में तेजी के बावजूद, भारत सरकार ने पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतों को स्थिर रखने का आश्वासन दिया है। सरकारी सूत्रों के अनुसार, देश के पास लगभग 25 दिनों का पर्याप्त ईंधन स्टॉक उपलब्ध है और आपूर्ति श्रृंखला मजबूत है, इसलिए फिलहाल कीमतों में कोई बढ़ोतरी नहीं होगी।
पश्चिम एशिया में युद्ध और बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बावजूद भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में फिलहाल कोई बढ़ोतरी नहीं होगी। सरकारी सूत्रों ने बताया कि देश के पास पर्याप्त तेल भंडार मौजूद है और सप्लाई चैन पूरी तरह सुरक्षित है। सरकार ने जनता से अपील की है कि वे घबराएं नहीं। घरेलू बाजार में ईंधन की कीमतों पर तब तक बड़ा असर नहीं पड़ेगा जब तक अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल की कीमत 130 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर नहीं जाती। वर्तमान में कच्चे तेल की कीमत लगभग 100 डॉलर प्रति बैरल है, जो भारत के लिए नियंत्रण योग्य है। सूत्रों ने यह भी बताया कि देश के किसी भी कोने या पेट्रोल पंप पर ईंधन की कमी नहीं है। हवाई यात्रा महंगी होने की आशंका भी निराधार है क्योंकि भारत एविएशन फ्यूल का उत्पादक और निर्यातक देश है। विमानन क्षेत्र में ईंधन की कोई कमी नहीं होगी।







