भोपाल। सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले 9वीं और 11वीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए इस सत्र से बड़ा बदलाव लागू किया गया है। लोक शिक्षण संचालनालय (डीपीआई) ने आदेश जारी कर दोनों कक्षाओं की वार्षिक परीक्षा वर्ष में दो बार आयोजित करने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही पूरक परीक्षा की व्यवस्था समाप्त कर दी गई है। डीपीआई के निर्देशानुसार इस सत्र में 9वीं और 11वीं की वार्षिक परीक्षा 23 फरवरी से 17 मार्च तक आयोजित की जाएगी। यदि कोई छात्र-छात्रा एक या अधिक विषयों में अनुत्तीर्ण होता है, तो उसे पूरक परीक्षा देने के बजाय सीधे दूसरी वार्षिक परीक्षा में शामिल होने का अवसर मिलेगा। दूसरी परीक्षा में सफल होने पर विद्यार्थियों का शैक्षणिक वर्ष सुरक्षित रहेगा।
माध्यमिक शिक्षा व्यवस्था में बड़ा बदलाव करते हुए लोक शिक्षण संचालनालय (डीपीआई) ने 9वीं और 11वीं कक्षा के सरकारी स्कूल विद्यार्थियों के लिए नई परीक्षा प्रणाली लागू कर दी है। अब इन कक्षाओं में पूरक परीक्षा नहीं होगी। इसकी जगह वर्ष में दो बार वार्षिक परीक्षा आयोजित की जाएगी। नई व्यवस्था के तहत यदि कोई विद्यार्थी एक या अधिक विषयों में अनुत्तीर्ण होता है तो उसे पूरक परीक्षा का इंतजार नहीं करना पड़ेगा, बल्कि सीधे दूसरी वार्षिक परीक्षा में शामिल होने का अवसर मिलेगा। दूसरी परीक्षा में सफलता मिलने पर छात्र-छात्राओं का शैक्षणिक सत्र सुरक्षित माना जाएगा। सत्र की पहली वार्षिक परीक्षा 23 फरवरी से 17 मार्च तक आयोजित की जाएगी। परीक्षा परिणाम अप्रैल अंत तक घोषित किए जाने की संभावना है। इसके बाद जून या जुलाई में दूसरी परीक्षा कराई जा सकती है। शिक्षा विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि परिणाम आने तक विद्यार्थियों को 10वीं या 12वीं कक्षा में प्रोविजनल प्रवेश दिया जाएगा, ताकि उनकी पढ़ाई प्रभावित न हो और अगस्त से नियमित कक्षाएं सुचारु रूप से संचालित हो सकें।







